पूरी दुनिया कोरोना के संक्रमण के खतरे से जूझ रही है. कोरोना के संक्रमण से बचने के लिए कई उपाय किए जा रहे हैं बावजूद इसके कोरोना की संक्रमण की गति धीमी नहीं हो रही है. भारत में भी तकरीबन 8,000 मामले सामने आ चुके हैं. ऐसे में कोरोना चुनौती बन हुआ है.
सेनिताइज़ेशन, सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क ही इसका एकमात्र उपाय है. अभी तक कोरोना की कोई भी दवाई नही बनाई जा सकी है. भारत सरकार को अपने नागरिकों की चिंता है जिसके चलते अनेक उपाय अपनाने की सलाह जारी की जा रही है. हाल ही में सरकार ने सख्ती बरतते हुए मास्क को जरूरी कर दिया था. ऐसे में लोगों ने मास्क को सुरक्षा के हिसाब से न लेकर मज़बूरी के रूप में उसका उपयोग किया. जिसके चलते मास्क के पहनने संबंधी कई गलतियां देखने मे आ रही हैं. यदि इन गलतियों को ठीक नही किया जाता है तो मास्क पहनने का उद्देश्य खराब हो जाएगा और कोरोना के संक्रमण से बचना मुश्किल.
जानिए मास्क पहनने के दौरान बरती जाने वाली सावधानियां
-अगर आप मास्क पहन रहे हैं और उससे आपका मुहं ढक जा रहा है लेकिन नाक वाला पार्ट खुला रह जा रहा तो आप कर रहे हैं बड़ी चुक. क्योंकि नाक के माध्यम से भी आपको हो सकता है संक्रमण.
-ढीला मास्क पहनना भी आपके लिए खतरनाक साबित हो सकता है, क्योंकि इससे भी संक्रमण आपके मुहं और नाक के जरिये शरीर में प्रवेश कर सकता है. इसलिए मास्क हमेशा कसा हुआ ही पहनें.
-मास्क को गले में फंसा कर आप थोड़ा रिलैक्स होने की कोशिश कर रहे हैं तो जान लें की वायरस को ये नहीं मालूम की आप रिलैक्स मोड में है. कभी भी आप संक्रमित हो सकते हैं
-अगर आप मास्क को ठुड्डी से उपर करके पहन रहे हैं तो भी संक्रमण का खतरा हो सकता है. कई लोग छोटा मास्क पहनते है जिसके कारण उनके गाल का पार्ट भी दिखता रहता है. ये सब गलतियां आपको कोरोना संक्रमण से नहीं बचा सकता है.
-बाहर निकलने से पहले और मास्क को पहनने के बाद एक बार आईने में चेक कर लें.
आपको बता दें कि मास्क सिर्फ आपको कोरोना से ही नहीं बल्कि अन्य घातक जीवाणुओं से भी बचाने का काम करता है. भारत में आपने जैन धर्म के लोगों को भी मास्क पहनते देखा होगा. दरअसल, इसे सदियों से उपयोग में लाया जाता रहा है. आप सभी से अनुरोध है कि मास्क जरूर पहनें, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और सेनिताइज़ेशन का इस्तेमाल करें.


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