बोल वचन खास

मंदी के इस दौर में घर खरीदना चाहते हैं तो एक बार यह खबर जरूर पढ़िए, आपकी खुशियां बढ़ जाएंगी

नई दिल्ली. कोरोना काल में जहां महामारी के चलते अर्थव्यवस्था ध्वस्त पड़ी है वहीं सरकार रियल स्टेट के सेक्टर को बूस्ट करने की कोशिश में लग गई है.सरकार का इरादा लॉक डाउन के बाद संकट से घिरी अर्थव्यवस्था को संभालने का है.
इस प्रक्रिया को अमलीजामा पहनाने के लिए सरकार बैंकों से सस्ते ब्याज दरों में मिलने वाले होम लोन की स्कीम को दोबारा शुरू कर सकती है. सरकार के इस फैसले के बाद रियल स्टेट सेक्टर और घर खरीदने की चाहत रखने वालों के साथ-साथ नकदी संकट से जूझ रही सरकार को भी आर्थिक मदद मिलने की भरपूर संभावनाएं हैं.
सूत्रों के अनुसार दोबारा शुरू होने वाली मध्यमवर्गीय आय के लोग घर खरीदने के लिए होम लोन पर सब्सिडी हासिल कर सकते हैं. खबरों की मानें तो सरकार होम लोन पर घर खरीदारों को सब्सिडी देने के लिए क्रेडिट लिंक्ड सब्सिडी की मियाद को भी बढ़ा सकती है. यह मियाद 1 या 2 साल के लिए बढ़ सकती है. शहरी विकास मंत्रालय ने इसके लिए बकायदा प्रस्ताव भी तैयार कर लिया है और वित्त मंत्रालय से इस विषय पर व कायदे चर्चा भी हो चुकी है. सरकार इस स्कीम को जल्द ही मंत्रिमंडल की बैठक में शामिल कर सकती है.
एक खबर के मुताबिक रेरा से प्रोजेक्ट के लिए जितना ज्यादा समय मिलेगा उतनी ही कर चुकाने की मियाद भी बढ़ाई जा सकती है. ऐसे लोग जिनकी सालाना आय 6 लाख से अधिक लेकिन ₹12 लाख से कम है ऐसे लोगों को सरकार 4 फ़ीसदी सब्सिडी देगी जबकि 12 लाख से ऊपर और 18 लाख से नीचे तक की सालाना आमदनी वालों को 3 फ़ीसदी सरकार सब्सिडी देने का विचार कर रही है.

किन पर लागू होगी स्कीम

सरकार द्वारा दोबारा शुरू होने वाली स्कीम के तहत 160 और 200 वर्ग मीटर तक के घरवाले होम लोन पर यह स्कीम लागू होगी. मिडल इनकम ग्रुप के लिए शुरू की गई यह स्कीम 31 मार्च 2020 को खत्म हो गई थी.
अगर सब कुछ ठीक रहा और सरकार का यह प्लान धरातल पर उतरता है तो सरकार को इससे तकरीबन 55000 करोड़ के कारोबार की संभावना बनेगी. गौरतलब है कि इस स्कीम से देश में अब तक करीब तीन लाख परिवारों को फायदा मिल चुका है जबकि एक लाख आवेदन अभी लंबित हैं.
सरकार इस पर क्या मसौदा तैयार करती है यह जल्द ही स्पष्ट हो जाएगा. लेकिन इतना तय है कि सरकारी इस योजना से लाभ सरकार से लेकर उपभोक्ता तक सभी को होने की संभावना है.

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Prakash Pandey

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